मृत बाघ के नाखून की तस्करी करने वाले तीन आरोपियों को वन विभाग ने किया गिरफ्तार
शहड़ोल
बाघ के नाखूनों की तस्करी करते तीन आरोपियों को वन विभाग ने गिरफ्तार कर लिया है। यह नाखून संजय गांधी टाइगर रिजर्व में मृत पड़े बाघ से आरोपियों ने निकले थे और बिक्री करने की फिराक में थे। तभी वन विभाग की विशेष टीम ने आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। आरोपियों के कब्जे से पांच नाखून और दो मोटरसाइकिल भी जब्त की गई है। यह कार्रवाई वन संरक्षक अजय पाण्डेय और वनमंडलाधिकारी तरूणा वर्मा के मार्गदर्शन में वन परिक्षेत्र अमझोर में की गई। यह कार्रवाई वन्यजीव अपराध नियंत्रण ब्यूरो, भोपाल द्वारा मिली सूचना के आधार पर की गई।
जानकारी के अनुसार, बनसुकली गांव के पास कुछ संदिग्ध व्यक्ति बाघ के अवयवों की तस्करी के लिए आए थे। त्वरित कार्रवाई करते हुए, सिविल ड्रेस में तैनात वन अमले ने सीधी बनसुकली रोड पर मौहार टोला तिराहा के पास तीन लोगों से पूछताछ की। तलाशी के दौरान, एक आरोपी के पेंट की जेब से दो नग बाघ के नाखून बरामद हुए, सभी आरोपियों की तलाशी लेने पर 5 नाखून मिले। पकड़े गए आरोपियों में वंशपति सिंह गोड़ (51 वर्ष), निवासी ग्राम हरदी, जिला सीधी,रमेश सिंह (63 वर्ष), निवासी ग्राम ददरीटोला, जिला सीधी,लालमन पनिका (51 वर्ष), निवासी लुरघुटी, जिला सीधी ने पूछताछ में बताया कि उन्होंने ये नाखून संजय टाइगर रिजर्व के ग्राम अमगांव के पास जंगल में मृत पड़े बाघ के शव से निकाले थे और इस बिक्री करने की फिराक में घूम रहे थे। तभी आरोपियों को अपराध नियंत्रण ब्यूरो भोपाल की सूचना पर वन विभाग की विशेष टीम ने गिरफ्तार किया है। आरोपियों पर वन विभाग ने कई धाराओं के तहत मामला दर्ज कार्रवाई की है। इस कार्रवाई में वन परिक्षेत्राधिकारी तरूणेन्द्र सिंह, परिक्षेत्र सहायक बनसुकली दिलीप मिश्रा, और अन्य वन सुरक्षाकर्मियों की महत्वपूर्ण भूमिका रही।